Cover
ब्रेकिंग
EOW ने नगर निगम के सिटी प्लानर को 50 लाख की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा, नगर निगम ने पद से हटाया पति बनाना चाहता है मुस्लिम, घर में देवी देवताओं की तस्वीरें भी नहीं रखने देता, महिला पहुंची थाने दिल्ली पुलिस में कांसटेबल भर्ती परीक्षा में धांधली कराने वाले 12 आरोपी गिरफ्तार कोरोना काल में आगरा जेल से पैरोल पर छोड़े गए 114 बंदियों में 85 नहीं हुए हाजिर सोमवार को SCO समिट में हिस्सा लेंगे पीएम मोदी, चौथी बार आमने सामने होंगे भारत-चीन जम्मू-कश्मीरः DDC चुनाव में दिखा लोगों का उत्साह, पहले चरण में 52 फीसदी वोटिंग कोरोना वैक्‍सीन के लि‍ए पीएम मोदी सीरम इंस्‍टीट्यूट पहुंचे, ली जानकारी गुजरात में अलंग शिप यार्ड के अपग्रेडेशन के लिए एनजीटी ने किया हस्तक्षेप करने से इन्कार राजनाथ बोले, एक सीमा तक शांति के मार्ग पर चलता रहेगा भारत, मोदी सरकार में हर मोर्चे पर मजबूती से डटा है देश सीमा पार के आतंकियों को खटक रहा घाटी का अमन चैन, सेना प्रमुख बोले- LoC पार बड़ी संख्‍या में लॉन्चिंग पैड मौजूद

Jammu Kashmir: पीडीपी की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती 14 महीने बाद नजरबंदी से रिहा

श्रीनगर। पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती को 14 माह बाद मंगलवार को प्रदेश सरकार ने रिहा कर दिया। महबूबा की रिहाई के लिए सर्वोच्‍च न्यायालय में दायर याचिका पर 15 अक्टूबर को सुनवाई होनी थी। महबूबा की रिहाई को प्रदेश में राजनीतिक गतिविधियों की बहाली की दिशा में केंद्र सरकार के एक बड़े कदम के रूप में देखा जा रहा है। प्रदेश में जल्द ही पंचायत उपचुनाव होने वाले हैं।

महबूबा को जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन अधिनियम को लागू किए जाने के मद्देनजर प्रदेश प्रशासन ने एहतियातन पांच अगस्त 2019 की सुबह हिरासत में लिया था। इसके बाद इसी साल फरवरी में उन्हें जन सुरक्षा अधिनियम (पीएसए) के तहत बंदी बनाया गया था। उनकी बेटी इल्तिजा मुफ्ती ने भी अपनी मां की रिहाई की पुष्टि करते हुए कहा कि महबूबा मुफ्ती की हिरासत मंगलवार को समाप्त हो गई है। इस मुश्किल वक्त में साथ देने वालों की मैं आभारी हूं।

महबूबा को रिहा किए जाने की पुष्टि जम्मू-कश्मीर प्रदेश प्रशासन के प्रवक्ता रोहित कंसल ने भी की है। उन्होंने कहा कि पीडीपी अध्यक्ष को रिहा कर दिया गया है। 15 दिन पहले ही सर्वोच्च न्यायालय ने महबूबा की रिहाई के लिए उनकी बेटी इल्तिजा की याचिका पर सुनवाई करते हुए जम्मू-कश्मीर प्रदेश प्रशासन से पूछा था कि क्या पूर्व मुख्यमंत्री की कैद को जन सुरक्षा अधिनियम के तहत एक साल से आगे बढ़ाया जा सकता है। अगर बढ़ाया जा सकता है तो इसे कितने समय के लिए और बढ़ाए जाने पर विचार किया जा रहा है। अदालत ने प्रदेश प्रशासन को अपना पक्ष रखने के लिए दो सप्ताह का समय दिया था। इस मामले की सुनवाई 15 अक्टूबर को होनी थी।

पूर्व मुख्‍यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा कि ‘मुझे यह सुनकर खुशी हुई कि महबूबा मुफ्ती को रिहा किया जा रहा है। महबूबा को एक साल से अधिक हिरासत में रखने के बाद रिहा किया गया है। उनको लगातार निरोध में एक देशद्रोही कदम था और लोकतंत्र के मूल सिद्धांतों के खिलाफ था। महबूबा का स्वागत करते हैं।’

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.

AIB News