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पांपोर मुठभेड़ में अभी तक एक आतंकी ढेर, एक ने किया आत्मसमर्पण, एक नागरिक की मौत

जम्मू। Pampore Encounter : दक्षिण कश्मीर के मीज पांपोर में वीरवार की शाम से जारी मुठभेड़ अभी भी जारी है। मकान में छिपे आतंकवादियों में से सुरक्षाबलों ने एक को ढेर कर दिया है जबकि दूसरे ने आत्मसमर्पण कर दिया है। अभी भी सुरक्षाबलों का इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी है। वहीं इस फायरिंग में घायल हुए दो स्थानीय नागरिकों में से आज सुबह एक युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान 20 वर्षीय आबिद मीर पुत्र अब्दुल हमीद मीर निवासी मीज के तौर पर हुई है। एमएमएचएस अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि जख्मों का ताव न सहते हुए आबिद ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

पुलिस ने बताया कि मकान में मौजूद आतंकवादियों में शामिल एक स्थानीय आतंकी ने आत्मसमर्पण कर दिया है। हालांकि पुलिस ने अभी तक उसकी पहचान जाहिर नहीं की है। एक पुलिस अधिकारी ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि मकान में होने की आशंका है। सर्च ऑपरेशन जारी है।

यह मुठभेड़ गत वीरवार को उस समय शुरू हुई जब सुरक्षाबलों ने पांपोर के पास मीज गांव में तलाशी अभियान चलाया हुआ था। पुलिस के विशेष अभियान दल के जवानों ने सेना की 50-आरआर व सीआरपीएफ के जवानों के साथ मिलकर मीज में छिपे आतंकियों को पकड़ने का एक अभियान चलाया था। गत वीरवार शाम छह बजे के करीब जब जवानों ने गांव में दाखिल होने का प्रयास किया तो आतंकियों को इसकी भनक लग गई। उन्होंने उसी समय अपना ठिकाना छोड़ भागने का प्रयास करते हुए जवानों पर गोली चला दी। जवानों ने इस फायरिंग से खुद को बचाया, लेकिन वहां गली में खड़े दो नागरिक जख्मी हो गए। घायलों की पहचान आबिद नबी और किफायत अहमद के रूप में हुई है।दोनों को सुरक्षाबलों ने उसी समय तुरंत नजदीक अस्पताल भर्ती कराया था। घायल दो नागरिकों में से एक युवक जिसकी पहचान 20 वर्षीय आबिद मीर पुत्र अब्दुल हमीद मीर निवासी मीज के तौर पर हुई है, ने जख्मों का ताव न सहते हुए अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया है।

जवानाें ने आम लोगों की सुरक्षा का ध्यान रखते हुए संयम बरता और इसका फायदा लेकर आतंकी वहां से भाग निकले। जवानों ने तुरंत पूरे इलाके को घेरते हुए आतंकियों का पीछा किया। कुछ ही दूरी पर उन्होंने एक मकान में आतंकियों को घेर लिया। जवानाें ने आतंकियों को आत्मसमर्पण का मौका देते हुए, वहां फंसे कई नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। अंधेरे का फायदा उठाकर आतंकी फरार न हो जाए इसके लिए रोशनी की व्यवस्था भी की गई थी। रात भर दोनों ओर से रूक-रूककर गोलीबारी होती रही।

आज शुक्रवार तड़के सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ में एक आतंकी को ढेर कर दिया। जबकि अन्य आतंकियों को मार गिराने के लिए अभियान जारी है। सुरक्षाबलों ने आतंकियों के भागने के सभी रास्ते बंद कर दिए हैं। स्थानीय सूत्रों की माने तो घेराबंदी में दो से तीन आतंकी फंसे होने की सूचना है। इनमें एक कुछ दिन पहले ही आतंकी बना है। वहीं मुठभेड़ में घायल दो नागरिकों में से एक नागरिक ने जख्मों का ताव न सहते हुए अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया है

कश्मीर में इस वर्ष अक्टूबर महीने के अंत तक 200 के करीब आतंकवादियों को सुरक्षाबलों को मार गिराने में सफलता हासिल हुई है। सेंट्रल रिजर्व पुलिस फोर्स, भारतीय सेना और जम्मू-कश्मीर पुलिस के जवानों ने संयुक्त अभियान चलाते हुए जून महीने में सबसे अधिक 49 आतंकवादियों के नापाक मंसूबों को असफल करते हुए उनको मौत के घाट उतारा जो पिछले वर्ष की तुलना में दोगुना है। गत वर्ष 2019 में सुरक्षाबलों ने कश्मीर घाटी में सक्रिय हिजबुल मुजाहिदीन और अन्य आतंकवादी संगठनों के 157 आतंकवादियों को मार गिराया था। अप्रैल 2020 में सुरक्षाबलों ने 28 आतंकवादियों और जुलाई व अक्टूबर महीने में 21-21 आतंकवादियों को मार गिराने में सफलता हासिल हुई है।

जम्मू-कश्मीर पुलिस के महानिदेशक दिलबाग सिंह ने साफ कर दिया था कि कश्मीर घाटी में अब आतंकवाद अपनी अंतिम सांसे ले रहा है। कश्मीर में सर्दियों के दिनों में भी पाकिस्तान की शह पर आम मासूम नागरिकों को निशाना बनाने वाले विदेशी और स्थानीय आतंकवादियों के खिलाफ ऑपरेशन ऑलआउट भी जारी रहेगा।

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